How to use any Android Phone or Tablet as PC Webcam

How to Turn an Old Smartphone Into a Home Security Camera

How to Turn an Old Smartphone Into a Home Security Camera

एंड्राइड फ़ोन को वेबकेम में कैसे कन्वर्ट करे

दोस्तों अगर आपके पास कंप्यूटर या लैपटॉप है लेकिन आपके पास उसके एक अच्छा वेबकेम नहीं है, तो आपके लिए यह सॉफ्टवेर बहुत ही अच्छी तरह से काम करेगा, इसकी मदद से आप अपने मोबाइल फ़ोन को कंप्यूटर के साथ जोड़कर कंप्यूटर का वेबकेम बना सकते हो,

वैसे तो मार्किट में आपको सस्ते और अच्छे वेबकेम बहुत ही काम कीमत पर मिल जायेगे, लेकिन उनकी क्वालिटी इतनी अच्छी नहीं होती जैसा आपसोच रहे है, अगर आप मार्किट से एक अच्छा ५ मेगापिक्सेल का वेबकेम खरीदेंगे तो आपको कम से कम 2000 रुपए में मिलेगा, लेकिन अगर आपके पास एंड्राइड या एप्पल फ़ोन है तो आप अपने फ़ोन को ही वेबकेम बना कर कंप्यूटर से जोड़ सकते है,

और इस सॉफ्टवेर की सबसे अच्छी बात यही है की आप अपने कंप्यूटर के साथ इसे बहुत ही आसानी से जोड़ सकते है और बिना किसी तार के, आप अपने फ़ोन को ही वायरलेस वेबकेम बना सकते है

इसके लिए इन्टरनेट की कोई जरुरत नहीं है, मतलब आप जब चाहे बस सॉफ्टवेर चालू कीजिये और अपने कंप्यूटर के वेबकेम के रूप में इस्तेमाल कीजिये

smartphone use as camera

Requirement – जरुरत

इसके लिए बस आपको कम से कम एक लैपटॉप और एंड्राइड मोबाइल फ़ोन चाहिए, अगर आपके पास डेस्कटॉप कंप्यूटर है तो आपको वाई फाई यूएसबी डोंगल (Wi FI USB Dongle) की जरुरत पड़ेगी, क्योकि यह सॉफ्टवेर वायरलेस ( Wireless – बिना तार के कनेक्ट होने वाला ) है, इसीलिए आपको अपने दोनों डिवाइस में वाई फाई होना जरुरी है

 

Setup – सेटअप

अपने फ़ोन को वेबकेम बनाने के लिए आपको बस थोड़ी सी सेटिंग करनी पड़ेगी, जिसको लिए आपको सबसे पहले अपने फ़ोन में स्मार्टकेम वेबकेम नाम का सॉफ्टवेर डालना होगा जिसकी मदद से आप कंप्यूटर स्मार्टकेम वेबकेम डाउनलोड करने के लिए आपको प्ले स्टोर पर जाना है स्मार्टकेम वेबकेम सर्च करना है, हमने यहाँ स्मार्टकेम वेबकेम का सीधा लिंक दिया हुआ है, आप इस सॉफ्टवेर को अपने एंड्राइड फ़ोन में इनस्टॉल कर ले,

https://play.google.com/store/apps/details?id=com.smartcam.webcam

Transform Your Smartphone Into Webcam

 

अगर आपके पास एप्पल फ़ोन है तो आपको एप्पल स्टोर पर जाकर स्मार्टकेम वेबकेम नाम का सॉफ्टवेर डालना है , ध्यान रहे आपको काफी सारे स्मार्टकेम वेबकेम नाम के सॉफ्टवेर मिलेंगे लेकिन आपको deion का बनाया हुआ स्मार्टकेम वेबकेम डाउनलोड करना है इस सॉफ्टवेर का डेवलपर deion है,

अगर आपने अपने फ़ोन में स्मार्टकेम वेबकेम वाला सॉफ्टवेर इनस्टॉल कर लिया है तो अब आप कैमरा स्टार्ट करने के लिए तैयार है लेकिन कंप्यूटर से कैमरा फ़ोन से कनेक्ट हो, इसलिए आपको अब कंप्यूटर में स्मार्टकेम वेबकेम वाला सॉफ्टवेर डालना है, जिसकी मदद से कंप्यूटर से सीधा आपकी अप्प में मतलब आपके फ़ोन में कैमरा कनेक्ट कर पाएंगे

हमने यहाँ वे स्मार्टकेम वेबकेम के लिए सीधा लिंक दिया है, Direct link for Smartcam Webcam

https://sourceforge.net/projects/smartcam/files/latest/download

 

आप अपने कंप्यूटर या मैक के लिए स्मार्टकेम वेबकेम सॉफ्टवेर डाउनलोड कर सकते है, और डाउनलोड करने के बाद आपको बस सॉफ्टवेर को कंप्यूटर में इनस्टॉल करना है

जब आप अपने फ़ोन और कंप्यूटर दोनों में वे स्मार्टकेम वेबकेम  सॉफ्टवेर को इनस्टॉल कर लेंगे तो उसके बाद आपको अपने मोबाइल के स्मार्टकेम वेबकेम एप्प को ओपन करना है, एप्प खोलने के बाद आपको कुछ इस तरह का ऑप्शन दिखा देगा, जैसा की अभी फोटो में दिखाई दे रहा है

phone usa a webcam

जैसा की आप इस इमेज में देख रहे है, एप्प के निचे एक आई पी एड्रेस दिखाई दे रहा है, आपको अपनी खोली हुई एप्प में कुछ ऐसा ही एड्रेस दिखाई देगा, बस आपको इस एड्रेस को नोट करना है या फिर याद रखना है,इसे हम आई पी एड्रेसकहते है, आपको यह आई पी एड्रेस अपने कंप्यूटर की एप्लीकेशन की सेटिंग में जाकर डालना है

अब स्टार्ट करने के बाद आपको और कुछ नहीं करना, अगर ठीक तरह से कनेक्शन हुआ है तो अब आप अपने फ़ोन को वेबकेम के रूप में इस्तेमाल कर सकते है,  इसके अलावा आप इसे अपने एप्पल फ़ोन से भी कनेक्ट कर सकते है उसके लिए बस आपको एप्पल सॉफ्टवेर की जरूरत होगी, उम्मीद है आपको यह पोस्ट अच्छा लगा होगा, अगर आपको इस पोस्ट में कुछ कमी लगती है तो आप हमें कमेंट में बता सकते है

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ऑन पेज और ऑफ पेज एसईओ क्या है

जैसा की दोस्तों आप सभी जो एसईओ करते है या सीख रहे है वो अच्छी तरह से जानते होंगे की ऑन पेज और ऑफ पेज एसईओ क्या है लेकिन अगर आप नहीं जानते की ऑन पेज या ऑफ पेज एसईओ क्या है तो आपको यह जानना जरुरी है क्योकि इसी की मदद से आप ठीक तरह से जान पाएंगे की आप क्या काम कर रहे है और एसईओ का कौन सा काम किस जगह पर होना चाइये, जगह से हमारा मतलब ऑन पेज या ऑफ पेज के हिस्से से है

Off Page Seo

सबसे पहले हम बात करते है की ऑफ पेज या है, क्योकि यहाँ एसईओ का सबसे जरुरी पार्ट है इसीलिए हम पहले ऑफ पेज एसईओ की बात करते है, एसईओ में लगभग 70 प्रतिशत काम ऑफ पेज के हिस्से में आता है, साधारण शब्दों में हम पहले ये जानते है की ऑफ या ऑन का मतलब क्या है

दोस्तों जब भी आप किसी वेबसाइट या ब्लॉग पर एसईओ कर रहे है तो जो भी आप काम करते है या ब्लॉग वेबसाइट में बदलाव करते है, और बदलाव करने के तुरंत बाद ही आपकी वेबसाइट में बदलाव नज़र आ जाता है तो वह ऑन पेज है,
एक तरह से हम यह कह सकते है की वेबसाइट पर सीधे तौर पर काम करना ऑन पेज है,

इसके विपरीत अगर आप वेबसाइट पर ऐसा काम कर रहे है जिसको करने के बाद तुरत बदलाव नज़र नहीं आता तो वह ऑफ पेज है, ऑफ पेज एसईओ करने के लिए आपको वेबसाइट को खोलने या उसके पासवर्ड की जरुरत नहीं है, लेकिन ऑन पेज करने के लिए आपको वेबसाइट को खोलना पड़ता है, और साथ ही ऑन पेज वेबसाइट पर लाइव किया जाता है,

ऑफ पेज के उदहारण के लिए अगर आप वेबसाइट के लिए डायरेक्टरी या क्लासिफाइड करते है या फिर आर्टिकल पोस्ट करते है तो आपको बस आर्टिकल की वेबसाइट पर जाना है और आर्टिकल पोस्ट करना है, आर्टिकल पोस्ट करते वक्त आप बस वेबसाइट के लिंक को शेयर करते है, जिससे वेबसाइट खुलती है लेकिन आपको यहाँ वेबसाइट खोलने की कोई जरुरत नहीं पड़ती, इसलिए इसे ऑफ पेज एसईओ कहते है

What is On Page

अब समझते है ऑन पेज क्या होता है, ऑन पेज एसईओ में आपको सीधे तौर पर लाइव काम करना होता है, और यहाँ अगर आपने कोई गलती की है तो उसे साथ साथ ठीक करना जरुरी है क्योकि आपका किया हुआ एक भी बदलाव वेबसइट पर तुरंत चेंज हो जाता है,

उदाहरण के लिए अगर आपको वेबसाइट का टाइटल या डिस्क्रिप्शन चेंज करनी है तो आपको वेबसाइट को और उसके कण्ट्रोल पैनल को खोलना ही पड़ेगा, आप बिना वेबसाइट ओपन किये न ही टाइटल बदल सकते है और न ही उसे चेक कर सकते है,

यहाँ आपने टाइटल बदल कर चेंज किया और वह रीलोड करते ही वेबसाइट का टाइटल चेंज हो जाता है जो आने वाले यूजर को दिखता है, यहाँ आप गलती करेंगे तो फ़ौरन आपको ठीक करनी पड़ेगी, क्योकि ऑन पेज में किया हुआ सभी काम तुरंत बदलता है

Off Page Seo Ke Kaam

ऑन पेज और ऑफ पेज एसईओ क्या है

जैसा की दोस्तों आप सभी जो एसईओ करते है या सीख रहे है वो अच्छी तरह से जानते होंगे की ऑन पेज और ऑफ पेज एसईओ क्या है लेकिन अगर आप नहीं जानते की ऑन पेज या ऑफ पेज एसईओ क्या है तो आपको यह जानना जरुरी है क्योकि इसी की मदद से आप ठीक तरह से जान पाएंगे की आप क्या काम कर रहे है और एसईओ का कौन सा काम किस जगह पर होना चाइये, जगह से हमारा मतलब ऑन पेज या ऑफ पेज के हिस्से से है

सबसे पहले हम बात करते है की ऑफ पेज या है, क्योकि यहाँ एसईओ का सबसे जरुरी पार्ट है इसीलिए हम पहले ऑफ पेज एसईओ की बात करते है
एसईओ में लगभग ७० प्रतिशत काम ऑफ पेज के हिस्से में आता है, साधारण शब्दों में हम पहले ये जानते है की ऑफ या ऑन का मतलब क्या है

दोस्तों जब भी आप किसी वेबसाइट या ब्लॉग पर एसईओ कर रहे है तो जो भी आप काम करते है या ब्लॉग वेबसाइट में बदलाव करते है, और बदलाव करने के तुरंत बाद ही आपकी वेबसाइट में बदलाव नज़र आ जाता है तो वह ऑन पेज है, एक तरह से हम यह कह सकते है की वेबसाइट पर सीधे तौर पर काम करना ऑन पेज है, इसके विपरीत अगर आप वेबसाइट पर ऐसा काम कर रहे है जिसको करने के बाद तुरत बदलाव नज़र नहीं आता तो वह ऑफ पेज है,

ऑफ पेज एसईओ करने के लिए आपको वेबसाइट को खोलने या उसके पासवर्ड की जरुरत नहीं है, लेकिन ऑन पेज करने के लिए आपको वेबसाइट को खोलना पड़ता है, और साथ ही ऑन पेज वेबसाइट पर लाइव किया जाता है,

ऑफ पेज के उदहारण के लिए अगर आप वेबसाइट के लिए डायरेक्टरी या क्लासिफाइड करते है या फिर आर्टिकल पोस्ट करते है तो आपको बस आर्टिकल की वेबसाइट पर जाना है और आर्टिकल पोस्ट करना है, आर्टिकल पोस्ट करते वक्त आप बस वेबसाइट के लिंक को शेयर करते है, जिससे वेबसाइट खुलती है लेकिन आपको यहाँ वेबसाइट खोलने की कोई जरुरत नहीं पड़ती, इसलिए इसे ऑफ पेज एसईओ कहते है

 

Works is On Page Seo

एसईओ करते वक्त आपको पहले ऑफ पेज करना है जो की लगभग २ महीने तक करना है, उसके बाद ही आपकी वेबसाइट को निश्चित बैकलिंक मिल पाएंगे या आपकी वेबसाइट के पेज सर्च इंजन में दिखाई देंगे,

ऑफ पेज एसईओ करने के बाद आपको वेबसाइट के लिए ऑन पेज करना है जो की सिर्फ ३० प्रतिशत होता है लेकिन इसका मतलब आप ये न समझे की यह जरुरी नहीं है,

ऑफ पेज में आने वाले काम

Directory Submission
Social Bookmarking Sites
Article Submission
Commenting Stretergy
Social Networking Sites
Photo Sharing Sites
Post in Forums
Guest Posting
Link Exchange
Document/PDF Sharing
Classified Submission

ऑन पेज में आने वाले काम

Page Titles
Meta Descriptions
Meta Tags
URL Structure
Body Tags
Keyword Density
Image SEO
Internal Linking

How to Choose Best Colour for Blog Design

how to choose best colour for website

अपने ब्लॉग के लिए सबसे अच्छा कलर कैसे चुने?

अगर आपन पीना ब्लॉग खुद डिजाईन कर रहे है तो कलर कॉम्बिनेशन एक सबसे जरुरी और मुश्किल काम है आपके लिए, अगर आप अपने ब्लॉग के लिए सबसे अच्छे कलर चुनते है तो आपको और भी आसानी होती है, अपने ब्लॉग पर विजिटर को रोक कर रखने के लिए अच्छे कलर को चुनना एक जरुरी काम है, हर ररंग की एक अलग विशेषता होती है और हर रंग अपने में बहुत कुछ छुआ कर रखता है,

अगर आपको लगता है की कलर ज्यादा कुछ मायने नहीं रखता तो आप ही सोचिये की लड़कियों को ज्यादा पिंक कलर ही क्यों पसंद होता है, और कोई भी फैशन या लड़की का बनाया हुआ ब्लॉग हमेशा कलरफुल क्यों होता है

 

ऐसा नहीं है की पिंक कलर सिर्फ लड़कियों को ही पसंद होता है सभी को कोई न कोई कलर पसंद होता है, ठीक इसी तरह हमारे ब्लॉग के कलर से भी विजिटर आकर्षित होता है और वेबसाइट पर आने के बाद उसका डिजाईन और कलर भी देखता है Continue reading “How to Choose Best Colour for Blog Design”